Night & Pen by Sujit
Night & Pen

जिंदगी और किताब – Night & Pen

ऐसे ही बात शुरू हुई जिंदगी और किताब की … सब कुछ कहीं न कहीं सोचा गया होगा, या कोई किताब होगी जिन्दगी की किताब जिसमें लिखा होगा कौन किसके जिन्दगी में कितना अपना किरदार निभाएगा और कैसा किरदार ! ये वक़्त, बातें, सब के अपने पन्ने होते होगे ! पन्ने उलटते ही किसी का किरदार […]

Two_Liners From Sujit
Poetry Two Liners

#SK – Two Liners – II

लघु कविता क्षणिकाएँ है जो अनायास ही मष्तिष्क में आती लेकिन इनका जुड़ाव स्तिथि से, यादों से जरूर होता ! Yet Another Part of Two liners Hindi Poetry … #Sujit किस तरह देखो घिर गयी घटा, बदल गया है मौसम ; जैसे बदल जाती है जिंदगी ; कुछ सवालों के घिरने से ! #मौसम अपने […]

Two_Liners From Sujit
Poetry Two Liners

#SK – Two Liners – I

अब कोई नज़्म नहीं लिखूँगा तुमपर देखों ये तुमने क्या कर दिया तुम्हारी नज़्म सा ही हो गया हूँ !! ‪#‎Randomthoughts‬ वहम था उन चेहरों का हँसना, यकीन यूँ ही नहीं उठता किसी से । ‪#‎पागलदुनिया‬ कोई हर रोज, घंटों सामने बैठ के जाता, ख़ामोशी मुझसे उसका ताल्लुक पूछती है । ‪#‎पागलदुनिया‬ नजाने कितने लम्हें […]

hindi poem on holi color
Poetry

तुम आते तो रंग चढ़ता थोड़ा ……

कुछ सादा फीका फाल्गुन था, तुम आते तो रंग चढ़ता थोड़ा, कुछ नीला पीला गालों पर, बालों से कुछ रंग झरता तेरा ! ऐसे तो हरपल यादों में रंगता, साथ तेरे संग मन रंगता थोड़ा, ख़ामोशी में डूबा धुँधला सा चेहरा, रंगीन लगता तेरा चेहरा सुनहरा ! हाथ सने वो रंगरेज़ जो था, रंगता ही […]

holi jo gi ra sa ra ra
Poetry

जोगी रा सा रा रा …..

जोगी रा सा रा रा होली का रैप है, इसके बिना होली अधूरी है, इसके बदले स्वरुप में आप डीजे वाले बाबू को तरजीह दे सकते लेकिन इसका स्वरुप बरसों से चला आ रहा ! जोगी रा कौन है, क्या कहना चाहता …. सोचियेगा तो मालूम होगा ये हमारे बीच में बैठा ही जन समान्य […]