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Poetry

नेता जी – #MicroPoetry

सड़कों के भी पाँव पखारे जाने लगे,
लगता है नेता जी दौरे पर आने लगे !

लग गए विश्वकर्मा अब बनाने में पुल पुलिया
नेताजी की गाड़ी जब चली जनता की गलियाँ !

उड़ने लगे अब सड़कों पर पर्चे,
नेताजी के आने के है बड़े चर्चे !

फूलों का लगा अब बड़ा सा टीला,
मंदिर में कान्हा सोचे ये किसकी है लीला !

#SK

Sujit Kumar Lucky
Sujit Kumar Lucky - मेरी जन्मभूमी पतीत पावनी गंगा के पावन कछार पर अवश्थित शहर भागलपुर(बिहार ) .. अंग प्रदेश की भागीरथी से कालिंदी तट तक के सफर के बाद वर्तमान कर्मभूमि भागलपुर बिहार ! पेशे से डिजिटल मार्केटिंग प्रोफेशनल.. अपने विचारों में खोया रहने वाला एक सीधा संवेदनशील व्यक्ति हूँ. बस बहुरंगी जिन्दगी की कुछ रंगों को समेटे टूटे फूटे शब्दों में लिखता हूँ . "यादें ही यादें जुड़ती जा रही, हर रोज एक नया जिन्दगी का फलसफा, पीछे देखा तो एक कारवां सा बन गया ! : - सुजीत भारद्वाज
http://www.sujitkumar.in/

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