Poetry

बाट जोहे सर्द में ठिठुरते है सूने चौपाल ..

आज शाम का अलाव कुछ सुना सा था , न पहले के तरह घेर के उसे बैठा था कोई .. न ही कोई छिरी चर्चा उस अलाव के इर्द गिर्द, न ही था कोई सरकारी महकमे का मुद्दा , या न ही छेरा किसी ने क्रिकेट का किस्सा .. सर्द की ठिठुरन ने नजाने, क्यों […]

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दुरी चंद कदमो की, ये कैसा फासला था ! – On Way of Life

दुरी चंद कदमो की, ये कैसा फासला था ! अनजान सिमट कर रह जाता हूँ , ये कैसा आसरा था ! खायालात ख़ामोशी का हाथ थामे चल रहे , कहाँ पूछा ? किधर जाने का रास्ता था , बस चंद गलियां गुजर जाये, आ जाये , एक सुनसान सीधी सड़क, बस इतना चलने का वास्ता […]

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यादों के पत्ते यूँ बिखरे परे है जमीं पर – Life fade as a Leaf

यादों के पत्ते यूँ बिखरे परे है जमीं पर , अब कोई खरखराहट भी नही है इनमे, शायद ओस की बूंदों ने उनकी आँखों को कुछ नम कर दिया हो जैसे … बस खामोश से यूँ चुपचाप परे है , यादों के ये पत्ते … जहन मे जरुर तैरती होगी बीती वो हरयाली, हवायें जब […]

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उलझते सुलझते बातें जिंदगी के .. My LifeStream -2

ये रात शर्त लगाये बैठे है नजरे बोझिल करने की.. और हम ख्वाब सजाने की बगावत कर बैठे है … (वक्त के खिलाफ ये कैसी कोशिश ! ! ) यूँ भागती कोलाहल जिंदगी मे .. कहाँ थी कोई ख़ामोशी.. हम छुपते रहे , पर वो वजह थी.. आखिर मुझे ढूंड ही लिया उसने ! ! […]

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चलो अपने आँगन मे दिवाली मनाये इस बार !

चलो फिर दीप जलाये अपने आँगन मे इसबार, थोरे सुनी परी थी जो गलियां, उन्हें जगाए इस बार, धुल पर चुकी थी, दरख्तों पर उन्हें हटाये इस बार, चलो अपने आँगन मे दिवाली मनाये इस बार ! उमंगें थोरी धीमी जरुर पर गयी है, थमा के देखो किसी मायूस बचपन के हाथों मे फुलझरिया, भर […]

Poetry Videos & Cinema

पिया तोरा कैसा अभिमान ..! ! @ Raincoat Movie

RainCoat – एक हिंदी चलचित्र ..जो दिल को छु जाती .. (एक ऐसी कहानी रिश्तों की , नारी जीवन की सच्चाई या एक बलिदान की , प्यार की … या आपके जिंदगी के पत्रों को जीवंत करती कहानी के कुछ पल … आप भी देखे ! ! ) [ “RITUPARNO GHOSH’S RAINCOATappears to tell a […]