इस तरह जिन्दगी से कुछ पल उधार लेता हूँ !

रात के सुकूं के दो पल इस तरह संवार देता हूँ , सारे थके थके रिश्तों को उतार देता हूँ, भूल जाता हूँ कुछ पल के लिए गम सारे, इस Read More …

लालटेन युग – अंधकार से प्रकाश का एक सफर !

आज वंडरलैंड से बातें नहीं; आज कुछ अतीत के पन्नों में चलते है ! एक दशक पूर्व .. नब्बे का दशक ; कोई टाइम मशीन नहीं शब्दों के माध्यम से Read More …

आज  फिर सदियों  के बाद वही पुरानी आहट सी  थी !

आज फिर सदियों के बाद वही पुरानी आहट सी थी, जो भुला नहीं हूँ अब भी जेहन में बची एक हसरत सी थी । कुछ दो शब्दों पर तर हो Read More …

Love in Inbox – #इनबॉक्स_लव – 2

#इनबॉक्स_लव ऐसे मैं कहीं नहीं हूँ कोई अपरिभाषित बंधन है, जो मेरे क्षणिक मौजूदगी को बयाँ करता, पर अब दृढ़ हूँ .. हठ भी अलग राहों पर जाने का ! Read More …