Poetry

Not as a Stranger – Night & Pen

इन उम्मीदों की मंजिल क्या है .. ये सवाल अपने आप से पूछता अक्सर वो;वर्तमान से उस आने वाले समय की परिकल्पना कैसे उमड़ रही ! जैसे वो कहा रहा – मैं नहीं जानता इस पार दूर खड़ा, देखता लहरों को मन में आते और जाते,ज्ञात नही है मुझे, कैसा है उस पार का तट; […]

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कुछ अनकहे (Untalked) – Night & Pen

छोटी सी बात ये, कोई नयी नहीं थी;  ऐसे तो इतने दूर के रास्तों में कितनी नोक झोंक थी !कुछ कहे कुछ अनकहे,  अनेकों इतने लम्हें के सिलवटों में दबी सिमटी सी कितनी ही बेवक्त यादें ! खुद से बेहतर समझने ना समझने की बात;  कैसे मैं किस पल समझाने की नाकाम कोशिश करने लगता,मैं […]

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Again Untold – Night & Pen

असमंजस में था मन,खुले आसमाँ को देख,आज उसकी चाहत थी,टूटे कोई तारा फिर … वो मांगे बैठे कुछ दुआयें !शिकायत नहीं किसी से है कोई,फकत खुद के फैसले, खुद से बातें..खुद के ही सवाल है ..इर्द गिर्द पसरे! ना कुछ जवाब देते, ना कुछ बयाँ करते;जाने भी नहीं देता ये किसी ओर,ये मन जैसे टटोल […]

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क्षण प्रतिक्षण व्यतीत हो रहा – Life Spending

क्षण प्रतिक्षण व्यतीत हो रहा,कुछ खोया सा अतीत हो रहा ! कुछ साँसे चल रही नब्ज में,कुछ धड़कन भी मंद हो रहा ! भीड़ परिदृश्य से भरे अधर में,किस शोर में अब खड़े हो रहा ! ना दंभ अभिमान रही बातों में,कंठ स्वर सब निबल हो रहा ! था मन खोया कुछ अधर आस में,अब […]

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पुराना रिश्ता – Night & Pen

उसने कुछ पूछा ..आदत तो ऐसे चुप रहने की ही थी,कम बोलना, चेहरे ऐसे जैसे शब्द दफ़न हो वर्षों से ;यूँ तो ये रात अक्सर साथ देती है मेरा,बयाँ करता शब्दों को,तेरी कशमकश मुझे खमोश करती रहती हमेशा ! हाँ अक्सर शब्दों का थमना वही से शुरूवात करता ;जब जब उसकी यादों की दस्तक होती;और […]

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कुछ बातें – Some More Words

तुमसे यूँ चुप सा बोलता हूँ मैं ;मेरी कहीं सारी यादें ना छलक जाये ! देखो मैंने छोर दिया किस्सा अधूरा आज;क्योंकि कल जो फिर तुम्हें आना होगा यहीं ! लिखने को कुछ यादें फिर इन सुबह की,और वो सारी बातें गुजरती शाम वाली ! ऐसे तो जाने वाले मुसाफिर ही समझ लो,हक जता के […]