आज हम यूँ भीगे जी भर के – A Day In Rain

आज हम भीगे यूँ जी भर के … ना डर था कोई रोक लेगा आ के हमे ! ना डर था माँ डाटेंगी यूँ भीगे कपड़ो को देख कर ! Read More …

सूरज ने दो जगह से उगना शुरु कर दिया …

थोरा ढला ढला,झुका झुका सुबह था आज का, सूरज भी था कहीं खोया था आज मेरी तरह, ठण्ड हवा की थोरी कंप कपी, छु रही थी जैसे ; माँ ने Read More …

इन्द्रधनुषी रंग जिंदगी के …My LifeStream -1

यूँ रफ़्तार बहुत ही तेज थी … टुकड़ो टुकड़ो को समेटा.. देखो बन रहा इन्द्रधनुष सा …कुछ रंग थे इस तरह … (चाँद ने क्या लिखा रात की हथेली पर Read More …