Poetry

बीत गए वो दिन

आज जिन्दगी की कसमकश में हमने अपनी उन अपनी पुरानी यादों को पीछे छोड़ डाला जहाँ  हमारे मन का कोई कोना आज भी वही बसता है , माँ के हाथों का खाना हो या , दोस्तों के संग की शरारत , पिताजीका डाटना हो या अपने गाँव की खेतो की हरयाली , खुशिओं का कलरव […]